।।नवा बछर के बधाई।।
गांव गली खोर म
लईका मन के शोर म।
होवत बिहनिया बने लागथे
चिरई मन के चहचहई।
नवा बछर के गाड़ा गाड़ा बधाई।
सुख दुःख कतको आईस
बीते बछर लेगे अपन संग म।
अईसन खुशी मनबो संगी
डुबके नवा बछर के रंग म।
खाबो पेड़ा अऊ बांटबो मिठाई
नवा बछर के गाड़ा गाड़ा बधाई।
जतन करो रे दाई ददा के
इहि जीवन के आधार म।
जनम धरे हस इहि भुइयां म
कुछु नई हे मोहमाया के संसार म।
बनके बनिहार करव सबके भलाई।
नवा बछर के गाड़ा गाड़ा बधाई।
मिलजुल के सब काम करव
नवा बछर के खुशहाली म।
पेड़ लगावव जतन के
सुन्दर दिखहि हरियाली म।
प्रण अईसन ठानव महकन दव अमराई
नवा बछर के गाड़ा गाड़ा बधाई।
रचनाकार ÷ राजेश कुमार निषाद ग्राम चपरीद (समोदा )
9713872983
गांव गली खोर म
लईका मन के शोर म।
होवत बिहनिया बने लागथे
चिरई मन के चहचहई।
नवा बछर के गाड़ा गाड़ा बधाई।
सुख दुःख कतको आईस
बीते बछर लेगे अपन संग म।
अईसन खुशी मनबो संगी
डुबके नवा बछर के रंग म।
खाबो पेड़ा अऊ बांटबो मिठाई
नवा बछर के गाड़ा गाड़ा बधाई।
जतन करो रे दाई ददा के
इहि जीवन के आधार म।
जनम धरे हस इहि भुइयां म
कुछु नई हे मोहमाया के संसार म।
बनके बनिहार करव सबके भलाई।
नवा बछर के गाड़ा गाड़ा बधाई।
मिलजुल के सब काम करव
नवा बछर के खुशहाली म।
पेड़ लगावव जतन के
सुन्दर दिखहि हरियाली म।
प्रण अईसन ठानव महकन दव अमराई
नवा बछर के गाड़ा गाड़ा बधाई।
रचनाकार ÷ राजेश कुमार निषाद ग्राम चपरीद (समोदा )
9713872983
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें